टैम्पोन क्या हैं इसका कैसे इस्तेमाल करें ? – फ़ायदे और नुकसान | Tampons in hindi

Tampon is a type of menstrual product, used by females. Small cylinderical shaped tampons made out of cottons, comes in variety of sizes and been used to soak menstrual fluids during periods. 

वैसे तो sanitary use के लिए बहुत से उत्पाद आज बाजार में उपलब्ध हैं जैसे – पैड्स, री-यूजेबल कप, वाशेबल पैड्स इन सभी उत्पादों के बीच एक बहुत ही पॉपुलर sanitary product – टैम्पोन इस्तेमाल के लाभ और हानियों को चलिए जानते हैं

टैम्पोन एक छोटा कॉटन से बना बेलन आकार का पैड हैं जिसे योनी के अन्दर फिट किया जाता है। टैम्पोन बहुत ही प्रचलित menstrual product प्रोडक्ट है जो विभिन्न अवशोषण क्षमता के आते हैं जिसे हल्के अथवा भारी पीरियड में उपयोग किया जाता हैं।

tampon in hindi (tampo) – टैम्पोन, तंपन, टैम्पन

tampon in gujarati – ટેમ્પન

tampon in marathi – टॅम्पॉन

tampon in Panjabi – ਟੈਂਪੋਨ

Table of Contents

टैम्पोन क्या हैं इसका कैसे इस्तेमाल करें ? – फ़ायदे और नुकसान | what is tampon pad | Tampons in hindi

Tampon-meaning-in-hindi

टैम्पन से होने वाले फायदों के लिए हमेशा इसे उपयोग करते रहने की जरूरत नहीं, इसका आकार इतना छोटा होता है इसे पॉकेट या पर्स में आसानी से कैरी कर सकते हैं

टैम्पोन का उपयोग – Tampon pad uses Pros and Cons

 

Pros of tampons

  • टैम्पन पहन कर आप तैर सकते हैं
  • बाहर से दिखाई पड़ने जैसी समस्या नहीं आती
  • सही तरह फीट होने पर टैम्पोन का एहसास भी नहीं होता

  • Cons of tampons 

टैम्पोन पहनने का सबसे बड़ा डाउन-साइड्स ये है – टॉक्सिक शॉक सिंड्रोम (TSS), ये एक बहुत ही गंभीर बीमारी का कारण बन सकता हैं 

टीएसएस एक तरह का बैक्टीरियल इंफेक्शन है जो सुपरएब्जॉर्बेंट टैम्पोन उपयोग करने के कारण होता है हालांकि, टैम्पोन खुद इसका कारण नहीं बनता बल्कि अधिक देर एक ही टैम्पोन को लगाए रखने से हुए संक्रमण का नतीजा हैं 

TSS से बचने के उपाय 

  • हमेशा कम एब्जॉबेंसी वाले टैम्पोन इस्तेमाल करें 
  • निश्चीत समय अंतराल में टैम्पोन को बदलते रहें
  • पीरियड हल्का होने पर टैम्पोन की जगह पैड्स यूज करें
  • पूरी रात एक सिंगल टैम्पोन पहनने से बचें

Other cons of tampons

  • टैम्पन को योनि में डालना असुविधाजनक हो सकता है खासकर यदि पहली इसका प्रयोग कर रहें होंगे तो 
  • बेस्ट साइज और टाइप का टैम्पोन ढूंढना मुश्किल भरा रहता हैं
  • टैम्पोन पर्यावरण के लिए दुष्प्रभावी रहता
  • कई बार टैम्पोन योनि से नमी सोख लेता जिससे खुजली और इरीटेशन होने लगता हैं 

टैम्पोन और पैड्स कौन बेहतर हैं – how to decide whether to use tampons or pads 

ये चुनाव करना, पैड इस्तेमाल करना चाहिए या टैम्पोन पूरी तरह आपपर निर्भर करता है बहुत सी लड़कियां शुरुआत में पैड्स इस्तेमाल करती हैं लेकिन टैम्पोन का प्रयोग करती है जब कोई स्पोर्ट्स या स्विमिंग के लिए जाती हैं।

टैम्पोन को आप आसानी से पॉकेट या पर्स में रख सकती हैं एक अन्य लाभ टैम्पोन का ये है सही से फिट होने पर यह आपको महसूस भी नहीं होगा, वहीं पैड्स भारी-भरकम महसूस होते है

टैम्पोन इस्तेमाल कब करें – When to use tampons

  1. बाहर कार्य कर रहे हो, अथवा बाहर जाने पर
  2. तैरने जा रहे हो  
  3. ऐसी चीज की जरूरत जिसे पॉकेट में रख सकें

टैम्पोन मासिक चक्र में होने वाले menstrual blood flow को अंदर ही सोख लेता है तथा योनि से बाहर आने नहीं देता, इसलिए इसका उपयोग फायदेमंद रहता हैं।

टैम्पन के अंग – parts of tampon

टैम्पोन में एक से अधिक पार्ट्स होते हैं –

  1. एक एप्लीकेटर plunger के साथ
  2. एक हिस्सा जिसमें रक्त अवशोषित हो
  3. एक रिमूवल स्ट्रिंग (धागा)

कुछ टैम्पोन एप्लीकेटर के बिना ही आते हैं मगर यदि आप tampon इस्तेमाल में नई हैं एक एप्लीकेटर टैम्पोन योनि में डालने के लिए मदगार साबित होगा…

पहली बार इसे योनि में डालने पर थोड़ा अजीब लग सकता है मगर जब ये पूरी तरह फिट हो जाए तब सुरक्षा और सिक्योरिटी देता है।

कुछ महिलाएं tampon के साथ पैड्स, पेंटीलाइनर या फिर पीरियड अंडरवियर पहनना पसंद करती है जिससे ज्यादा सुरक्षा मिले

टैम्पोन किससे बने होते हैं – tampons kisse bane hote hai

टैम्पन – कॉटन, रेयोन या दोनों के मिश्रण से बना होता है उत्पादन से पहले tampon को क्लोरीन फ्री ब्लीचिंग प्रोसेस से गुजारा जाता है। 

इन्हें केवल एक उपयोग के लिए बनाया जाता है मतलब menstrual fluids सोक लेने के बाद इसे नष्ट करना होता हैं ध्यान रखें tampon में लगा एप्लीकेटर पुट्ठे या प्लास्टिक से बना होता है इसलिए tampon अंदर डालने के बाद एप्लीकेटर जरूर निकालें

बेस्ट साइज टैम्पोन कैसे चुने – how to choose best size tampon

टैम्पन बहुत से वेराइटी (एब्सोर्बंसी) के आते हैं हल्के से सुपर हेवी, ध्यान रखें, जब भी आप tampon चुने हमेशा सबसे कम एब्सोर्बंसी वाला tampon ही चुने…

इस बात का ध्यान रखें हर 4 से 8 घंटों में tampon को बदले, कभी एक ही टैम्पोन 8 घंटे से अधिक ना पहने, यदि ऐसा है तो उसकी एब्सोर्बंसी भी ज्यादा होनी चाहिए।

महिलाओं को उनके पीरियड के मुताबिक अलग-अलग तरह के tampon की आवश्यक्ता रहतीं हैं

tampon उपयोग कैसे करें | how to use tampons

टैम्पोन उपयोग के लिए निम्नलिखित चरणों को पूर्ण करें…

  • हाथों को पानी, साबुन धोएं; पैकेट से tampon अलग करें, यदि गलती से ये जमीन पर गिर जाए तो उसके बदले नया टैम्पोन यूज करें
  • कुछ महिलाएं टॉयलेट सीट या बाथ टब पर खड़े होकर, टैम्पोन यूज करना ज्यादा पसंद करती है जबकि कुछ महिलाएं बैठकर ये सब करना ज्यादा आरामदायक मानती है।
  • आरामदायक स्थिति चुनने के बाद, सीधे हाथ अथवा जिस हाथ से आप लिखती हैं उससे टैम्पोन को पकड़े तथा एप्लीकेटर को तर्जनी उंगली से, ध्यान रखें धागा बाहर की ओर रहे
  • अब दूसरे हाथ से योनि (labia) की त्वचा को चारों ओर से खोलें और tampon अंदर डाले 
  • tampon को अंदर तब तक बढ़ाते रहें जब तक उंगलियां शरीर को स्पर्श ना करने लगे
  • एप्लीकेटर अंदर चले जाने के बाद भीतरी ट्यूब को धक्का देने के लिए तर्जनी उंगली का उपयोग करें
  • ध्यान रखें, धागा योनि के बाहर ही रहे क्योंकि बाद में tampon हटाने के लिए धागे को पकड़कर इसे नीचे की ओर खींचना होता है।
  • tampon डालने या निकालने के बाद हांथो को अच्छे धोए

बिना एप्लीकेटर टैम्पोन उपयोग कैसे करें | how to use tampons without applicator

कुछ महिलाएं tampon को बिना applicator के उपयोग करना पसंद करती हैं क्योंकि इसमें कम प्लास्टिक तथा छोटे आकार का व आसानी से कैरी किया जा सकता हैं

  • tampon पैकेट से अलग करे, पैकेट के निर्देशानुसार
  • अब तर्जनी उंगली tampon के नीचले छोर पर रखें तथा टैम्पोन अंगूठे की सहायता से पकड़े
  • आरामदायक स्थिति चुने, टॉयलेट या बाथ टब पर खड़े अथवा बैठ कर, लंबी गहरी स्वांस भरे
  • दूसरे हाथ से योनि की बाहरी त्वचा पकड़कर फैलाए
  • Tampon को तर्जनी उंगली की मदद से योनि के अंदर ऊपर की ओर बढ़ाए
  • जब tampon सही जगह पर होगा तब ये आपको महसूस भी नहीं होगा, अन्यथा थोड़ा और आगे बढ़ाएं, धागे को बाहर ही लटकने दे
  • Tampon निकालने और डालने के बाद हाथों को अच्छे से धोए

कैसे पता चलेगा टैम्पोन सही से लगा हैं या नहीं – how to know tampon is used correctly

जब टैम्पोन योनि के अंदर सही से चला जाता है तब ये आपको महसूस भी नहीं होगा, लेकिन यदि आप इसे सही से डाल नहीं पाए होंगे तो कुछ असुविधा – दर्द और इरीटेशन महसूस हो सकता हैं इसलिए सही से डाले,

यदि tampon गलत लगा जाए तो घबराए नहीं, ये योनी में दूर तक नहीं जा सकता, इसे हटाकर दूसरा टैम्पोन उपयोग करें, परेशान ना हों यदि पहले प्रयास में आप नहीं कर पाती है दूसरे प्रयास में जरूर आप सफल होंगी…

बहुत प्रयासों के बावजूद यदि टैम्पोन लगाने में असफल होते है तो आपको डॉक्टर से जांच करानी चाहिए, शायद आप उन 2% महिलाओं में एक होंगी जिनकी योनि जन्म से ही बहुत छोटी है इसलिए tampon डालने से दिक्कत हो रही है।

धागे का क्या करें – what to do with tampon string

धागा भी tampon का महत्वपूर्ण अंग हैं जिसकी मदद से टैम्पोन को बाहर निकाला जाता है तंपन यूज करते समय ध्यान रखें धागा बाहर की ओर लटक रहा होना चाहिए इसे भी योनि के अंदर डालने से बचें

 

टैम्पोन को कैसे निकाले – how to remove tampon

जब आप इसे हटाने जा रही होंगी तो ध्यान रखे, अपने पेल्विस फ्लोर मसल्स को रिलैक्स रखें, टॉयलेट या बाथ टब पर एक पैर रखकर खड़े होना या बैठना कुछ तरीके है जो टैम्पोन हटाने में सहायता कर सकते हैं।

सभी tampons के अंतिम छोर पर एक धागा लगा होता है जिसे खींचकर टैम्पोन बाहर निकाल सकती है। कुछ महिलाओं को चिंता होती है टैम्पोन योनि के अंदर गुम न हो जाए अथवा गर्भाशय में न चला जाए, लेकिन ऐसा कभी नहीं होता…

इसलिए चिंता ना करें, टैम्पोन कभी भी योनि में गुम या गर्भाशय में नहीं जा सकता क्योंकि सर्विक्स का मुंह इतना छोटा होता है वह menstural fluid को तो पास कर देता है मगर इतने बड़े टैम्पोन को गर्भाशय में प्रवेश नहीं करा सकता

टैम्पोन कब हटाए – when to remove tampons

टैम्पोन को एक निश्चित समय अंतराल में बदलने कि जरुरत होती हैं इसे 8 घंटे से अधिक समय के लिए कभी ना पहने, खासकर सोते समय, पीरियड के अंत में टैम्पोन हटाना कभी ना भूले… 

8 घंटे से अधिक टैम्पोन लगाने से क्या होगा 

कभी यदि आप टैम्पोन 8 घंटे से अधिक लगा लेती हैं या लगा कर भूल जाती है तो याद आने के जितनी जल्दी इसे निकलेंगे उतना बेहतर होगा, टैम्पोन हटाने में अगर किसी प्रकार की समस्या आती है तो मेडिकल हेल्प लेवे…

कभी यदि टैम्पोन 8 घंटे से अधिक लगा लेती है और इन्फेक्शन के लक्षण दिखते हैं जैसे – बुखार, सिर दर्द, उल्टी, डायरिया तो तुरंत डॉक्टर की मदद लें…

टैम्पोन सेफ्टी टिप्स – tampon safety tips in hindi

अगर अभी भी आप आशंकित है tampon यूज करना चाहिए या नहीं, आपको किसी योग्य निरीक्षक या डॉक्टर की सलाह लेनी चाहिए, मगर टैम्पोन इस्तेमाल करते समय इन बातों का ध्यान अवश्य रखें…

पैकेट में लिखे निर्देशो का पालन करें – चाहे इससे पहले कभी आपने टैम्पोन इस्तेमाल किया हो या नहीं, उपयोग से पहले पैकेट में दिए निर्देशो को एक बार जरूर पढ़े

हाथों को धोए – टैम्पोन इस्तेमाल से पहले तथा इसके बाद हाथों को अच्छे से साफ करें, हाथों की सफाई किसी प्रकार के अवांछित संक्रमण को होने से रोकता हैं।

टैम्पोन केवल पीरियड्स में ही इस्तेमाल करें – टैम्पोन किसी भी समय उपयोग के नहीं बना बल्की इसे केवल पीरियड्स में ही उपयोग किया जाना चाहिए

टैम्पोन लंबे समय तक न पहनें – इस बात का हमेशा ध्यान रखें कभी भी 8 घंटे से अधिक एक टैम्पोन को ना लगाए रखें अर्थात निश्चित अंतराल में इसे बदले

लो एबसोर्बेंसी टैम्पोन इस्तेमाल करें – अगर एक टैम्पोन को आप 8 घंटे के समय अंतराल तक पहनते हैं बिना उसे बदले तो उसकी अवशोषण क्षमता भी अधिक होनी चाहिए।

अनिश्चित लक्षण दिखने पर डॉक्टर की सलाह लें – अगर आपको किसी प्रकार की असुविधा – दर्द और दूसरे अनचाहे सिम्टम्स जैसे निश्चित डिस्चार्ज टैम्पोन पहनने या पहनने के बाद महसूस हो, अथवा किसी तरह की एलर्जिक रिएक्शन दिखे तो टैम्पोन इस्तेमाल तुरंत बंद कर देना चाहिए, तथा डॉक्टर से परामर्श करें

टॉक्सिक शॉक सिंड्रोम (TSS) – टीएसएस के लक्षण जैसे – अचानक तेज बुखार 102°F या इससे अधिक, उल्टी, डायरिया, बेहोशी, या चक्कर महसूस करना

इनमें से कोई भी सिंप्टम्स पीरियड के दौरान या इसके बाद देखने को मिल रहा है तो तुरंत टैम्पोन का इस्तेमाल बंद कर दें तथा मेडिकल हेल्प ले, टीएसएस के खतरे को कम करने के लिए लो एबसोर्बेंसी टैम्पोन इस्तेमाल करें, 8 घंटे से अधिक टैम्पोन न पहने और केवल पीरियड के दौरान ही इसका उपयोग करें

टॉक्सिक शॉक सिंड्रोम (TSS)

ये बहुत दुर्लभ लेकिन जानलेवा बीमारी हैं जो बैक्टीरियल इंफेक्शन के कारण होता है। Tampon खुद TSS का कारण नहीं बनता बल्कि ये बैक्टेरियल इंफेक्शन के कारण होता हैं।

टैम्पोन लंबे समय तक लगाए रखने से ये कुछ हानिकारक जीवाणुओं के उत्पादन का कारण बनता हैं इसलिए जरूरी है टैम्पोन को हर 4 से 6 घंटो के अन्तराल में बदले…

टॉक्सिक शॉक सिंड्रोम क्यों होता 

  • हाल ही में हुई सर्जरी
  • खुला घाव
  • सुपर एबसोर्बेंसी टैम्पोन उपयोग

टॉक्सिक शॉक सिंड्रोम ट्रीटमेंट

  • मेडिकल डायग्नोज कि जरूरत
  • मेडिकल प्रोफेशनलस के द्वारा ट्रीट किया जाता
  • लैब टेस्ट और इमेजिंग की जरूरत
  • कईबार कुछ हप्तो या दिनों में ठीक हो जाता
  • इमरजेंसी केयर की जरूरत पड़ती

टैम्पोन के फायदे – advantages of tampon in hindi

  • आकार में छोटे होने की वजह से आसानी से कैरी कर सकती हैं तथा उपयोग कर सकते हैं
  • भारी रक्त स्त्राव की स्थिति में गीला गीला महसूस नहीं होता
  • टैम्पोन पहनने के बाद बहुत सी ऐसे चीजें कर सकते हैं जो पैड्स के साथ नहीं कर सकती जैसे – दौड़ना, तैरना, घुड़सवारी
  • टैम्पोन सही से फिट होने पर महसूस नहीं होता जबकि पैड्स बदलने की चिंता लगी होती

टैम्पोन के नुकसान – side effects of tampon in hindi

  • टैम्पोन का एक फायदा अंदर होने पर यह महसूस नहीं होता जिसके कारण महिलाए इसे पहनकर भूल जाती हैं जिससे संक्रमण का खतरा होता है
  • टॉक्सिक शॉक सिंड्रोम (TSS) का खतरा रहता हैं
  • सामान्यतः कम आकार के टैम्पोन सही होते हैं लेकिन कई बार रक्त स्राव अधिक होने पर ये आवश्यक से अधिक बढ़ा हो जाता हैं
  • सबसे बड़ी दिक्कत इसे योनि में डाला कठिन होता है कभी-कभी दर्द और गलत उपयोग से नुकसान भी हो सकते हैं।

Hindiram के कुछ शब्द 

Tampons in hindi – टैम्पोन ये एक तरह का मेंस्ट्रुअल प्रोडक्ट है जिसे महिलाए मासिक धर्म (Periods) के समय उपयोग करती हैं योनि स्त्राव सोखने के लिए, वैसे tompon के आलावा भी बहुत से प्रोडक्ट सैनिटरी उपयोग के लिए उपलब्ध है मगर टैम्पोन इस्तेमाल करना बहुत सी महिलाओ को सुविधाजनक लगता हैं।

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